कविता
| तारीख | लेखक | प्रतिसाद | |
|---|---|---|---|
| स्व - राष्ट्र..!! | राघव | 20 | |
| बालमित्रांची सुट्टी.... | bhagwatblog | 4 | |
| "फार काय" | युयुत्सु | 2 | |
| जागरण.... | अत्रुप्त आत्मा | 17 | |
| अज्ञाताच्या काठावर | अनन्त्_यात्री | 7 | |
| वळीव | महासंग्राम | 6 | |
| सिग्नल .....! | फिझा | 5 | |
| सांग ना,सख्या | अविनाशकुलकर्णी | 4 | |
| सांग ना,सख्या | अविनाशकुलकर्णी | 0 | |
| मी पण अमिताभ बनलो असतो भाय | खिलजि | 14 | |
| जिलब्या | अविनाशकुलकर्णी | 3 | |
| तोल | अन्या बुद्धे | 2 | |
| कवित्व इथले संपत नाही | mrcoolguynice | 6 | |
| वदनी कवळ..... | फुंटी | 8 | |
| नाद ब्रम्ह होई अंगी , चढे चढे भक्तिज्वर | खिलजि | 0 | |
| (गफ) | टवाळ कार्टा | 5 | |
| आभाळ पक्षी | पाषाणभेद | 1 | |
| ...पत्र... | चुकलामाकला | 5 | |
| " कशी आहेस ? " | फिझा | 13 | |
| शूर वैमानिक श्रीमान अभिनंदन वर्धमान | Sumant Juvekar | 14 |