कविता
| तारीख | लेखक | प्रतिसाद | |
|---|---|---|---|
| व्यथा वार्धक्याची | अनिल आपटे | 3 | |
| बहादुर शाह जफर के कुछ आखरी अशार... | अश्फाक | 23 | |
| घराच्या खाणाखुणा लक्षात ठेवाव्यात अशी घरे ..!! | प्रकाश१११ | 4 | |
| नमस्ते, सचिन... | सुभाष् अक्कावार | 1 | |
| एका डॉक्टरच्या कविता-३: रिटायरमेंट | डॉ अशोक कुलकर्णी | 7 | |
| लेवू दे निळाई.. | स्वानंद मारुलकर | 3 | |
| बंडूच्या स्वप्नातच येते - | विदेश | 1 | |
| आक्रोष | चन्द्रशेखर गोखले | 4 | |
| नवरत्नहार | मूकवाचक | 5 | |
| संजयदॄष्टी | चन्द्रशेखर गोखले | 0 | |
| मध्यरात्र..!! | प्रकाश१११ | 5 | |
| पुन्हा तुझीच वाट पहात आहे | गणेशा | 1 | |
| युगलगीतः मला वाजतीया थंडी | पाषाणभेद | 3 | |
| जख्ख अशी म्हातारी !! | प्रकाश१११ | 6 | |
| जख्ख अशी म्हातारी !! | प्रकाश१११ | 0 | |
| (गाडी सुटली , रुमाल हलले) | अडगळ | 12 | |
| प्रवास मी एकटीच करते... (गीत) | गणेशा | 1 | |
| जे प्रेम करून लग्न करतात ...!! | प्रकाश१११ | 6 | |
| काय करू मी बाई सांगा तरी काही | पाषाणभेद | 1 | |
| (एक बाई ठेवावी म्हणतोय!) | पिवळा डांबिस | 25 |